Update 175
VOLUME II
बैचलर पार्टी
CHAPTER-3
PART18
अध्भुत कामुकता और चुदाई
बैचलर पार्टी
CHAPTER-3
PART18
अध्भुत कामुकता और चुदाई
अब उस हाल में चारो और चुदाई अपने चर्म पर थी । कभी भी इतनी शानदार चुदाई एक समय में समान संख्या में व्यक्तियों एक साथ एक ही जगह पर नहीं की गई थी। इतनी खूबसूरत योनीया कभी एक साथ इकट्ठी नहीं हुई थी जिन्हे उतने ही शानदार लंडो द्वारा इतनी अच्छी तरह से चौदा गया हो । लड़कियों को को शुक्राणुओं की ऐसी बौछार कभी नहीं मिली थी , जिसने उन्हें चारों तरफ से भीगा दिया हो।
सामूहिक सम्भोग अपनी ऊंचाई तक बढ़ रहा था, चॉकलेट ने पुरुषों पर जमकर काम करना शुरू कर दिया। महिलाये चुदाई करवाती हुई , कराह और चीख रही थी और परमानंद में चिल्ला रही थी . उत्तेजना और उत्साह लगातार बढ़ता जा रहा था। महिलाएं परिपूर्ण रंडिया बन गईं थी , उन्होंने सबसे रोमांचक और प्राणपोषक वाइन और शराब को खुल कर पिया।
कैसा ने अपने चारों ओर सम्भोग जनित उन्माद को प्रकट होते देखा। हाल सेक्स की आवाज और गंध से भर गया था। वह जिधर देखती ,नंगे बदन आपस में उलझे हुए थे और और एक दुसरे को रगड़ और टकरा रहे थे । उसने देखा कि उसकी शरमीली शुद्धतावादी छोटी बहन ने मेरे साथ तब तक अनवरत सार्वजनिक चुदाई की जब तक कि वह मेरे नीचे कामुक आनंद में नहाने वके बाद थक कर निढाल नहीं हो गयी ।
कैसा हमारे पास आयी और बहुत गौर से अपने सामने एक दुसरे से चिपके अपनी छोटी बहन मिनी और मेरे नंगे बदन का जायज़ा लेते हुए मिनी के चेहरे से अपनी नज़रें घुमाती हुई नीचे मिनी के पैरों तक चली गई।
मिनी के जिस्म की हालत ये थी कि मेरे चूसने की वजह से मिनी के रस भरे होंठ सूज कर मोटे हो गये थे।
उस के लंबे सुनहरे बाल इस वक्त मिनी के चेहरे और मम्मो पर पूरे खुले और बिखरे पड़े थे।
मिनी के गोरे बदन पर जगह जगह मेरे काटने, चूसने और रगड़ने की वजह से लाल रंग के स्पॉट्स बन चुके थे।
जब कि मिनी के मोटे मम्मो को चूसने और दाँतों से काटने की वजह से उन पर निशान पड़ गई थी।
मम्मो के बाद पेट से होते हुए ज्यों ही कैसा की नज़र अपनी छोटी बहन मिनी की टाँगों के दरमियाँ उसकी योनि तक पहुँची। तो कैसा ने देखा कि उस की प्यारी गुडिअ जैसी बहन की चूत मेरे मोटे लौडे ने मिनी की छोटी सी बुर की सील तो मैंने फाड़ी ही थी पर साथ साथ बुर तो ऐसे खोल कर चौड़ा कर दिया था। कि पहली नज़र में देखने वाले को ऐसा लगता था। कि अब इस चूत का मुँह कभी बंद ही नही हो पाएगा। बुर सूज गयी थी और एक मोती फुद्दी लग रही थी जिस पर उसके कुंवारेपन के खून के धब्बे लगे हुए थे.।
मेरे मोटे लंड ने मिनी के चेहरे, मम्मो, चूत और गान्ड पर इतना पानी छोड़ा था। कि जहाँ जहाँ लंड का वीर्य गिरा वहाँ वहाँ मिनी की स्किन पर सूख गया था और वीर्य सूख कर गोंद जैसा बन गया था।
“देखो मेरे बदन की क्या हालत की है तुम्हारे दोस्त के कजिन ने ” मिनी ने अपने अंग अंग को अपनी बहन की नज़रों के सामने करते हुए केसा को दिखाया । मिनी का चेहरा चेहरा चुकंदर की तरह लाल हो गया था ।
लेकिन मिनी के चेहरे की ख़ुशी और जिस तरह से वो मेरे साथ चिपकी हुई थी उसे देख कर साफ़ लग रहा था की वो बहुत खुश है। कैसा आगे बढ़ कर उसके गले लगी और इस बीच उसकी एक आँख मेरे लंड पर तिकी हुई थी। जो अभी भी अकड़ा हुआ था और अपने पूरे शबाब पर था मेरा लंबा,सख़्त लंड इस वक्त मिनी की चूत के पानी से पूरी तरह तर हो कर पूरी आब-ओ-ताब के साथ मेरी टाँगों के बीच फन फ़ना कर कैसा को सलाम पर सलाम ठोक रहा था। अपनी बहन के जिस्मानी जूस से पूरी तरह तर मेरे के जवान तगड़े लंड को देखते ही कैसाकी पहले से गरम चूत ने भी अपना पानी छोड़ दिया।
“इस लंड ने मिनी की कोरी करारी चूत के खूब मज़े लिए हैं, इसी लिए इस में इतना जोश और वलवला आया हुआ है उऊउउ!” कैसा ने मन में सोचा । दीपक के पास सचमुच एक अध्भुत और दुर्जेय हथियार है। शाबाश मेरी बहन तुमने इस लंड को बहुत बहादुरी से झेला है और मजे लुटे हैं . शुक्र है की मेरी बहन सुरक्षित है और इसने पहली चुदाई का भरपूर आनंद लिया है और फिर लेने को लालायित दिख रही है ।' उसके बड़े लंड से चुदना एक सुखद और ययादगार अनुभव रहेगा ये सोचते ही कैसा का गोरा रंग लाल हो गया ।
और इस के साथ ही कैसा नीचे बैठ कर मेरे के लंड से टपकते हुए अपनी छोटी बहन के जूस और मेरे वीर्य को हाथ में लेकर वो अपनी बहन के बदन पर मलने लगी जिससे मिनी का बदन चमकने लगा ।
अचानक स्टेज पर रौशनी जगमगा उठी और कैसा , मैं और मिनी स्टेज पर थे और सब हमारी और देख रहे थे और तालिया बजा रहे थे . हमने झुक कर सबका अभिवादन किया। मैं और मिनी दोनों भाई महाराज के पास गए तो उन्होंने हमे आशीर्वाद दिया और साथ ही सभी मिनी सहित लड़किया तो उपहार और इनाम दिए ।
फिर कैसा में माइक संभाला और बोली महराज , युवराज और हाजरीन आपको मजा आया .. और नए जोड़े को बहुत बधाईया लेकिन ये आज रात की शुरुआत है। आप लोग अपना स्थान ग्रहण करे या तरोताजा हो जाए या जो भी करना चाहे वो करे। हमारी अगली पेशकश अब से १० मिनट में पेश की जायेगी।
जारी रहेगी